डेस्क- छत्तीसगढ़ की सुप्रसिद्ध लोक कलाकार और पंडवानी गायन को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने वाली पद्म विभूषण तीजन बाई का आज तड़के 3 बजकर 15 मिनट पर रायपुर एम्स में उपचार के दौरान निधन हो गया, वे पिछले कुछ समय से अस्वस्थ थीं और एम्स में उनका इलाज चल रहा था..
तीजन बाई ने छत्तीसगढ़ी भाषा में महाभारत की कथाओं के जीवंत और प्रभावशाली मंचन के माध्यम से पंडवानी लोकगायन को देश-दुनिया में नई पहचान दिलाई। पारंपरिक वेशभूषा में हाथ में एकतारा लेकर उनकी प्रस्तुति दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर देती थी। अपनी सशक्त आवाज, प्रभावशाली अभिनय और अद्भुत प्रस्तुतीकरण शैली के बल पर उन्होंने विश्व पटल पर छत्तीसगढ़ की लोककला का गौरव बढ़ाया..
लोककला और संस्कृति के क्षेत्र में उनके असाधारण योगदान के लिए उन्हें पद्मश्री, पद्म भूषण और देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था, तीजन बाई का निधन न केवल छत्तीसगढ़, बल्कि पूरे देश की लोककला और सांस्कृतिक जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति माना जा रहा है..